सब गोलमाल है!
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प्रकाशन तिथि: मार्च 10, 2008
न्यूज सब गोलमाल है!
वांटेड में ग़लती से भी निर्दोष का फोटो लगाना क्या सही है?
..नही ना?..ऐसा कभी कभार हो भी जाता है. आप टी वी पर किसी क्राइम प्रोग्राम का आनंद ले रहे है और किसी अपराधी, गुनहगार की जगह अगर आपकी फोटो दिखाई जाए, तो कैसा महसूस करेंगे?
ऐसा ही कुछ दिन पहले जर्मनी में हुआ. एक एस्टेट एजेंट मजेसे टी वी के प्रोग्राम देख रहा था. उसने कुख्यात अपराधियों के बारे में जानकारी देने वाला चैनल जैसे ही देखना शुरु किया..उसने एक वांटेड में एक किलर दंपति की जगह अपना और अपनी पत्नी की फोटो देखी; तो उसके पैरों के नीचे से ज़मीन निकल गई.
उसके जान-पहचा वाले और रिश्तेदार भी सकते में आ गए कि....ये सब क्या है?...उसके फोन की घंटियां बजनी शुरु हो गई.
दर असल गलती से फ्रैंक एम्सेल और उसकी पत्नी की फोटो उस चैनल पर दिखाई गई थी. बाद में चैनल वालों ने पुलिस की मदद से इस गलती के लिए क्षमा-याचना की और खबर बदल दी.
अब गोलमाल में यह भी खबर है कि बच्चा पक्षियों की जबान बोलता है!
अगर आप किसी बच्चे से कुछ पुछे और बच्चा कौए, तोते या कबूतर जैसी आवाज में जवाब देने लगे तो आप क्या कहेंगे?...ऐसा ही हुआ है.रुस में एक ऐसा बच्चा मौजूद है. यह बच्चा पक्शियों की तरह चहचहाहट कर के अपनी बात समझाने की कोशिश करता है.
...बाद में हकीकत सामने आ ही गई कि इस बच्चे की 31 वर्षिय मां इसके प्रति बहुत ही लापरवाह थी. उससे कभी बैठ कर बात करना भी जरूरी नहीं समझती थी.7 साल का यह बच्चा शुरु से उपेक्षा का शिकार रहा. दिन भर पक्षियों के साथ समय बिताता रहा.यहां तक कि यह पक्षियों की संगत में उनकी तरह ही दाना-पानी लेना सीख गया. आज हाल यह है कि ये बच्चा इंसानी जबान न तो बोल सकता है और न तो समझ ही सकता है.