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Harry Potter and The Deathly Hallows ( chapter one : In Hindi)(1)

Summary rating: 3 stars 9 समीक्षा
लेखक : J. K. Rowling
Review by : krishna kant
विजिट्स: 393
शब्द: 900
प्रकाशन तिथि: अगस्त 31, 2007
This extract is for only harry potter fans only. This is not to pirate the seventh book. If any organisation or person have objection then tag it and i'll stop sending rest chapters.
अनिष्ट देव का बढ़ता राज   चाँदनी से रोशन गली में, कुछ ही दूर पर, दो व्यक्ति ना जाने कहाँ से आ गए। एक पल के लिए वे स्थिर खड़े रहे, छड़ियाँ एक-दूसरे के सीने पर; फिर एक दूसरे को पहचानने के बाद, उन्होंने अपने लबादों में अपनी छड़ियों को वापस रख लिया, और तेजी से एक ही दिशा में बढ़ चले। "खबर?" दोनों में से कद में लम्बे वाले ने पूछा। "खुशखबरी ही है," सिवरस स्नेप ने जवाब दिया। उस गली के बाँई ओर छोटी-छोटी कंटीली झाड़ियों की बाड़ लगी थी, दाँई ओर लम्बी, हाल ही में छाँटी गई झाड़ियों की बाड़ थी। उन व्यक्तियों के लम्बे लबादे उनकी ऐड़ियों से चलते वक्त टकराते जाते थे। "सोचा मुझे देर हो जाएगी," येक्सली ने कहा, उसके अजीब से हाव भाव, लटकती हुईं डालों से आती हुई चाँद की रोशनी में दिखते-गायब होते नजर आते थे। "जितना मैंने सोचा था उससे कुछ ज्यादा ही लफड़े वाला काम था। लेकिन मुझे उम्मीद है कि वे संतुष्ट होंगे। तुम्हें विश्वास है कि तुम्हारा स्वागत अच्छी तरह से होगा?" स्नेप ने सर हिलाया, किन्तु विस्तार से कुछ भी नहीं बताया। वे दाँई ओर मुड़े, एक चौड़े गलियारे के अंदर और एक गली की ओर बढ़ चले। कंटीली झाड़ियों की बाड़ भी उन्हीं के साथ मुड़ती चली गयी, उनसे भी आगे, ठोस लोहे के आकर्षित करने वाले दरवाजों से होकर और बँट गई। दोनों में से किसी ने भी कदमों को नहीं रोका; सन्नाटे में, दोनों ने अपने बाँए हाथ को एक नमस्कार के भाव में उठाया और सीधे निकल गए, जैसे कि वे दरवाजे गहरे धातु के बजाए धुँए के बने हों। सदाबहार झाड़ियों की बाड़ की आवाज व्यक्तियों के पदचापों से छिप गयी थी। उनके दाँई ओर कहीं हलचल हो रही थी; येक्सली ने अपनी छड़ी दोबारा निकाल ली और अपने साथी के सिर की ओर उसका रुख किया, लेकिन आवाज का स्रोत सिवाय एक दूधिया सफेद मोर के अलावा और कोई नहीं था, जो कि पूरे जोश के साथ बाड़ के ऊपर से फुदक-फुदक कर जा रहा था। "वह हमेशा से ही अच्छा रूप धारण करता था ... लुसियस। मोर का..." येक्सली घुरघुराया और वापस अपनी छड़ी को लबादे में दबा दिया। मोड़ के ठीक अंत में, एक सुंदर सा, जमींदारों वाला घर अंधेरे से उठ खड़ा हुआ, हीरे की बनावट सी खिड़कियों में से रोशनी जगमगा रही थी। बाड़ से हटके अंधेरे बगीचे में कहीं एक फव्वरा अठखेलियाँ कर रहा था। जैसे ही स्नेप और येक्सली सामने के दरवाजे की ओर बढ़े, गिट्टी के चटखने की आवाज आई और जैसे ही वे वहाँ तक पहुँचे दरवाजा खुद ब खुद खुल गया, जबकि किसी ने उसे खोला नहीं था। हॉल तक जाने का रास्ता बड़ा, हल्का सा रोशन, और काफी चीजों के साथ सजा हुआ था, जिसमें एक शानदार कार्पेट पूरे फर्श पर बिछा हुआ था। पीले पड़े चेहरों वाली आँखों ने, दीवाल की तस्वीरों पर, स्नेप और येक्सली को गौर किया जब वे पास से गुजरे। दोनों एक भारी भरकम लकड़ी के दरवाजे के सामने रुके जो कि अगले कमरे का रास्ता था, थोड़ा सा दिल को धड़कने की इजाजत देते हुए, स्नेप पीतल के हैंडल की ओर बढ़ा। बैठक पूरी तरह से शांत लोगों से भरी हुई थी, जो कि लम्बी सुंदर सी मेज के इर्द-गिर्द बैठे थे। कमरे का रोज का सामान, बेतर्तीबी के साथ दीवाल से सटा कर रखा गया था। कमरा चमकते हुए काँच के लालटेन में जल रही भव्य आग से रोशन हो रहा था। स्नेप और येक्सली एक पल के लिए द्वार पर ही कुछ सोचने लगे। जैसे ही उनकी आँखें उस मद्धिम रोशनी की आदी हुईं, उनकी आँखें हवा में एक अजीब से दृश्य के लिए ऊपर उठ गईं, एक लगभग बेहोश सा शरीर टेबल के ऊपर उल्टा लटका, धीरे धीरे घूम रहा था जैसे कि किसी अदृश्य रस्सी द्वारा लटकाया गया हो। उसका प्रतिबिम्ब शीशे में और मेज के चमकते हुए धरातल में नजर आ रहा था। वह ना जाने क्यों खुदको हर एक मिनट में ऊपर देखने से नहीं रोक पा रहा था। "येक्सली, स्नेप," एक ऊँचे और साफ स्वर ने टेबल के सिरे से  कहा। "तुमने काफी देर की।" वक्ता आग के ठीक सामने बैठा हुआ था, इसलिए पहले नए मेहमानों के लिए उसे पहचान पाना काफी मुश्किल था, बजाए पहले से शामिल लोगों के। हालाँकि जैसे ही वे पास आए, यह चेहरा अंधेरे में चमका, बालरहित, सर्प जैसा, नथुनों के लिए लम्बे छेद और चमकदार लाल आँखें जिनकी पुतलियाँ खड़ी थीं। वह इतना पीला था कि ऐसा लगता था मानो पीली रोशनी बिखेर रहा हो। "सिवरस, यहाँ पर," वोल्डेमॉर्ट ने कहा, अपने ठीक दाँई ओर की सीट पर इशारा करते हुए, "येक्सली - डोलोहव के बगल में।" दोनों व्यक्ति अपनी निर्धारित की गई जगहों पर बैठ गए। मेज के बगल में बैठे कईयों की आँखों ने स्नेप को देखा, और सबसे पहले वोल्डेमॉर्ट ही उससे मुखातिब हुआ। "तो?" "मेरे मालिक, फीनिक्स की फौज हैरी पॉटर को उसकी अभी की सुरक्षित जगह से अगले शनिवार को हटाने की सोच रहे हैं, देर रात।"मेज के चारों ओर रुचियाँ प्रत्यक्ष रूप से बढ़ गयीं; कुछ कुढ़े, बाकी सकते में आ गए, पर सभी की नजरें स्नेप और वोल्डेमॉर्ट पर गयीं।
(contd.)
कृपया इस सार का मूल्यांकन करें : 1 2 3 4 5


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टिप्पणियाँ

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  1. Translation

    Rohit Saxena

    10 अप्रैल 2008

    Not as near to J.K Rowling as by Dr. Sudhir Dixit who is translating Harry Potter series for Manjul Publications.

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